19 मई 2016

ताज इंटरनेशनल एयरपोर्ट का मामला अब कोर्ट में जायेगा

--हलफनामों में साफ होगी राजनीतिज्ञों की मन्‍शा

(अब अदालतों में नेताओं से जबाव तलब करने की तैयारी)

आगरा-ताज इंटरनेशनल एयरपोर्ट को आगरा में बनाये जाने का मामला अब अदालत में ले जाया जाना तय है,ताज इंटरनेशनल एयपोर्ट आगरा डिजर्ब्‍स इट मूवमेंट के कॉर्डीनेटर अनिल शर्मा ने कहा है कि रक्षा मंत्रालय का अब तक एक भी अदेश या अर्जी निस्‍तारण सार्वजनिक तौर पर सामने नहीं आ सकी है जिसमे कि वायु सेना की ओर से आगरा में
सिविल फ्लाइटस की अवाजाही पर रोक लगाई हो। एक जानकारी में उन्‍होंने कहा कि हकीकत में अब तक एयरपोर्अ अथार्टी आफ इंडिया, नागरिक उड्डयन मंत्रालय या फिर राज्‍य सरकार के उड्डयन मंत्रालय की ओर से अब तक आगरा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट बनाये जाने के लिये स्‍थानों को चिन्‍हित करते हुए कोई अर्जी या रिपोर्ट ही पेश नहीं हुई है।  
श्री शर्मा ने कहा कि आगरा के इटरनेशनल उयरपोर्ट की मांग को कमजोर करने के लिये लखनऊ की पॉलिटकल लाबी नये सिविल एन्‍कलेव की बात को 2012 से अब तक दसियों बार उछालती रही है। किन्‍तु हर बार टालने का कोई न कोई नया बहाना सामने आता रहा है। जो अधिकारी लखनऊ-आगरा एक्‍सप्रेस जैसे निहायत गैर जरूरी प्रोजेक्‍ट के लिये लोअर गंगा कैनाल के पानी से सिंचित तीन फसली जमीन तक का अधिग्रहणकर सकते हैं वे क्‍या सीमित आय प्रदान करने वाली अंसिचित श्रेणीकी 55 एकड जमीन नये एन्‍कलेवके लिये उपलब्‍ध नहीं करवा सकते।
श्री शर्मा ने कहा है कि  केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) महेश शर्मा की इस प्रकरण से संलिप्‍तता निहायत छोटे सोच पर आधारित है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उन्‍होंने निहासत सस्‍ती लोकप्रियता को हांसिल करने के लिये  लोकसभा में सोमबार 1 मई को ने प्रश्नकाल के दौरान सदस्यों के सवाल के जवाब में बताया कि वह एक ऐसी अच्छी खबर देने जा रहे हैं, जो वैसे उनके वरिष्ठ और नागर विमानन मंत्री अशोक गजपति राजू को देनी थी।
अनिल  शर्मा ने कहा कि वह जल्‍दी ही हाई कोर्ट का दरबाजा खटखटायेंगे, उम्‍मीद है कि आगरा की जनता और उ प्र के टूरिजम व्‍यवसाय को न्‍यायलय के माध्‍यम से ही न्‍याय मिल सकेगा। श्री शर्मा ने कहा कि समाजवादी पार्टी रीजनल और डा राम मनोहर लाहिया के नाम को आगे रखकर दिशाहीन राजनीति करने वालों की पार्टी है, इस लिये न तो उससे आगरा को कोई उम्‍मीद है और नहीं उसके नेताओं को आगरा से ।