ताज लिट्रेचर फैस्टेविल एक प्रभावी प्रयास: हेमामालिनी
सांस्कृतिक धरोहर सूर कुटी को वन विभाग के दखल से मुक्त करवाने को लेकर गंभीर
सांसद हेमा मालिनी का स्वागत
आगरा : मथुरा जनपद की सांसद एवं फिल्म अभिनेत्री श्रीमती हेमा मालिनी ने महाकवि सूरदासजी की कर्मस्थली को वन विभाग द्वारा अपनी घेराबन्दी में लेकर साहित्यकारों और सांस्कृतिक जिज्ञासुओं के लिये वहां का भ्रमण मुश्किल भरा बना दियेजाने पर पर गंभीरचिता जायी है। यह मामला बृज हैरीटेज कंजर्वेशन सोसायटी के कन्वीनर श्री बृज खंडलेवाले के द्वारा हाल में ही उनके समक्ष बृंदावन में आयोजित ताज लिट्रेचर फैस्टेविल के साहित्य.. एवं बृज संस्कृति से संबधित विशेष सत्र में उठाया गया था जिसमें वह मुख्यातिथि के रूप में भाग लेने आयी थीं।श्री खंडलेवाल ने कहा कि सांस्कृतिक धरोहरों का संरक्षण ( अनुच्छेद २९-३0 के अंतर्गत प्राप्त अधिकार) नागरिकों के मूलभत अधिकारों में शामिल है। जो न तो किसी अन्य कानून से प्रतिस्थापित किया जा सकता है और नहीं कोई भी अन्य कानूनी व्यवस्था इसकेतहत आने वाली धरोहर से जुडी भावनाओं और व्यवस्थाओं में बिना संवैधानिक संशोधन के दखल ही कर सकती है।सांसद हेमा मालिनी ने कहा कि वह देखेंगी कि बृज सांस्कृति के प्रतीक भक्तिकालीन कवि सूरदास जी की धर्मसथली से जुडी मूल व्यवस्थायें कयो प्रभावित की जा रही है ।
सूरस्मारक मंडल की महामंत्री श्रीमतीविजय लक्ष्मी शर्मा एवं मंत्री श्री भुवनेश श्रोत्रीय एडवोकेट ने हेमामालिनी के सकारात्मक रूख पर प्रसन्नता का इजहार किया है और उम्मीद जतायी हे कि बृज हैरीटेज कंजर्वेशन सोसायटी उनका सूर कुटीका दौरा भी शीघ्र ही सुनिश्चित करवायेगी।
उधर बृंदावन में ताज लिट्रेचर फैस्टेविल के तत्वावधान में बृंदावन में संपन्न बृज भाषा पर से संबधित भाषा विकास एवं शोध पर आधारित विशेष सत्र को सम्बोधित करते हुए ‘ताज लिट्रेचर फैस्टेविल ‘ आयोजन को एक महत्वपूर्ण नागरिक पहल बताते हुए कहा कि साहित्य ,संस्कृति और भाषा का विकास तभी संभव हे जबकि आम जनता के बीच उनकी बारंबारता लगातार बनी रहे ।
श्रीमती हेमा मालिनी ने कहा कि वह आयेजन को बृज संस्कृति के संरक्षण के लिये होने वाले प्रयास को महत्वपर्ण मानती है और उम्मीद करतीहे कि इन्हे लगातार कियाजाता रहेगा। पूर्व में ताज लिट्रेचर फैसटेविल के प्रमुख हरविजय सिह वाहिया, अशोक जैन सी ए , कार्यक्रम कॉडीनेटर बृज खंडेलवाल,
श्रीमती पदमनी ताजमहल ,संदेश जैन, सुशील जैन आदि ने कार्यक्रमकी मुख्यातिथि के रूप में आयीं हेमा मालिनी का स्वागत किया तथा ताज लिट्रेचर फैसटेविल के बारे में विसतार से जानकारियं दीं। इस अवसर पर बृज मंडल के साहित्यकार, सांस्कतिक प्रयासों से जुडे संगठनों के प्रतिनिधि बडी संख्या में मौजूद थे।