--राजस्व क्षति की भरपायी भ्रष्टाचार रोक कर करें
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| (चन्दपाल :अध्यक्ष आदर्श समाज पार्टी) |
आगरा,जहां एक ओर बयोबृद्ध 96 वर्षीय स्वतंत्रता
सेनानी श्री चिम्मन लाल जैन शराब बन्दी की मांग को लेकर आगरा में जनजागरण करते घूम रहे
हैं वहीं दूसरी आेर आदर्श समाज पार्टी (ए एस पी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व ब्यूरोक्रेट
श्री चन्द्र पाल ने भी बढती नशाखेरी को रोकने के लिये कडे कानूनी कदम उठाये जाने
काे सामायिक जरूरत बताया है।श्री चन्द्र पाल ने कहा है कि नशा खोरी समाज को त्रासदी
देने वाली एक अत्यंत गंभीर समस्या है इसपर कडाई से प्रतिबंध लगाया जाना चाहिये।
उन्होंने उन्होंने अपने एक ताजा पोस्ट में कहा
है कि 2003 में उनके द्वारा इसको प्रतबिंधित करने के लिये एक अभियान चलाया गया
था,महिलाओं के द्वारा प्रदर्शन और धरने किये गये थे।इस कार्यक्रम के तहत आयोजित तमाम धरनाओं और मीटिगों में वह भी गये थे। किन्तु तत्कालीन मायाबती सरकार के द्वारा धरना एवं प्रदर्शन करने वालों पर मुकदमे ही लगवादिये गये गये थे।यही नहीं गांवों में शराब की दूकानें खोले जाने की नीति को प्रभावी बनाकर शराब को ग्रामीणों तक पहुंचाने का काम किया गया था।
था,महिलाओं के द्वारा प्रदर्शन और धरने किये गये थे।इस कार्यक्रम के तहत आयोजित तमाम धरनाओं और मीटिगों में वह भी गये थे। किन्तु तत्कालीन मायाबती सरकार के द्वारा धरना एवं प्रदर्शन करने वालों पर मुकदमे ही लगवादिये गये गये थे।यही नहीं गांवों में शराब की दूकानें खोले जाने की नीति को प्रभावी बनाकर शराब को ग्रामीणों तक पहुंचाने का काम किया गया था।
ए एस पी नेता का कहना है कि देश में पूर्ण नशाबन्दी
लागू हो और इसे कानूनी तौर पर भी प्रभावी बनाया जाये।क्यो कि इसी से जनजीवन को स्वस्थ्य
रखने का लक्ष्य सहजता के साथ पूरा हो सकना संभव है।जहां तक प्रतिबंध से शराब की बिक्री से मिलने वाले राजस्व की क्षति
में कमी का सवाल है,बहुत से सरकारी विभागों में व्याप्त भ्रष्टाचार को रोक कर
इसकी सहजता के साथ भरपायी की जा सकती है।
एएसपी अध्यक्ष का मानना है कि शांति और स्वास्थ्य
व्यक्ति,परिवार,देश के लिये आज की सबसे बडी जरूरत है जिसे कि केवल नशेबाजी
पर कानूनी प्रतिबंध जैसे सहज उपायों के अपनाने भर से संभव किया जा सकता है।
