--महानगर सपा अध्यक्ष ने गिनायीं अखिलेश सरकार की उपलब्धियां
--अपनी फ्रैश भरती को बेवजह दलबदल बता रहे हैं सपाई:कांग्रेस
आगरा
:समाजवादी पार्टी ने कांग्रेस को उस समय करारा झटका दिया
![]() |
| (सपा के महानगर अध्यक्ष रईसुद्दीन ने कांग्रेसियों का पार्टी में कि ) --फोटो समाजवादी खबर |
जबकि पार्टी की वरिष्ठ नेत्री मुन्नी बेगम सहित सैकड़ों कॉंग्रेसी कार्यकर्ताओ
पार्टी से नाता तोड कर सपा का दामन थाम लिया। लोहांमंडी स्थित खातीपाडा
क्षेत्र मे आयोजित एक कार्यक्रम में सपा के शहर अध्यक्ष रहीसुद्दीन क़ुरैशी ने कांग्रेसियों
को
पार्टी में शामिल किये जाने की घोषणा करते हुए मुन्नी बेगम की तारीफ की ,कहा कि उनके सूझबूझ पूर्ण राजनैतिक निर्णय से समाजवादी पार्टी मजबूत होगी और धर्मनिरपेक्ष ताकतों को आगरा में ताकत मिलेगी।
पार्टी में शामिल किये जाने की घोषणा करते हुए मुन्नी बेगम की तारीफ की ,कहा कि उनके सूझबूझ पूर्ण राजनैतिक निर्णय से समाजवादी पार्टी मजबूत होगी और धर्मनिरपेक्ष ताकतों को आगरा में ताकत मिलेगी।
सपा के शहर अध्यक्ष ने कहा की मुख्यमंत्री अखिलेश
यादव ने अपने अब तक के कार्यकाल मे कई कल्याणकारी योजनाएं लागू की ! सरकार ने
जरूरतमंदों को राहत दी है। किसानों, अल्पसंख्यकों, बेरोजगारों के लिए
कल्याणकारी योजनाएं चलाई हैं। चिकित्सालयों में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में
सुधार आया है। सरकार ने उन बुजुर्गो को भी धार्मिक यात्राएं कराई हैं, जो आर्थिक कारणों से
इसे नहीं कर पा रहे थे
सपा मे शामिल हुई मुन्नी बेगम ने कहा की
कॉंग्रेस पार्टी की कथनी और करनी मे काफ़ी फ़र्क है ! कॉंग्रेस, भाजपा और बसपा की
नीतिया मिलती जुलती है ! इन पार्टियो ने हमेशा जनता को धोखा देने का काम किया है !
प्रदेश मे काबिज सपा सरकार की नीतियो से प्रभावित होकर वह अपने सैकड़ों कार्यकर्ताओ के साथ सपा मे शामिल
हुयी है ! उन्होने कहा की मुख्यमंत्री की योजनाओ को जन जन तक पहुचाने का कार्य
किया जाएगा !
आगरा समाजवादी खबर के खालिद मो. ( स्वीटी क़ुरैशी) के अनुसार इस अवसर पर पवन समाधिया, अवदेश शुक्ला, मो.शुएब, काशिफ उद्दीन, रिज़वान
उद्दीन(प्रिन्स) सहित अनेक नेता उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन गौरव जैन ने किया ।
कांग्रेसियों ने दलबदल का दावा किया खारिज
उधर कांग्रेसियों ने
कहा है कि जिन लोगों के कांग्रेस छोड कर जाने की बात कही गयी है उनका कांग्रेस
से पूर्व में भी कोयी लेना देना नहीं रहा है।समाजवादियों ने नेताओं की नजर में
अपने नम्बर बढाये जाने के मकसद मात्र से नयी भर्ती को दलबदल के रूप में प्रचारित
किया है।
