16 अप्रैल 2015

पाकि‍स्तान परस्त मसर्रत आलम नजरबन्द कि‍या गया

-- हुर्रियत कांफ्रेंस के  चार और नेता हो चुके है नजरबन्‍द

--त्राल कस्बे की रैली पर रोक लगायी गयी


(अलगाववादी नेता मसर्रत आलम)

नई दि‍ल्‍ली, पाकि‍स्‍तान परस्‍तती जता रहे हुर्रियत कांफ्रेंस के कट्टरपंथी अलगाववादी नेता मसर्रत आलम को जम्‍मू कश्‍मीर सरकार ने नजरबंद कर दि‍या है।  कट्टरपंथी धड़े के हुर्रियत कांफ्रेंस के पहले ही गि‍रु्तार कि‍ये जा चुके हैं। मसर्रत आलम को पुलवामा के ट्राल कस्बे में उनकी प्रस्तावित रैली की पूर्वसंध्या पर नजरबंद कर दिया गया।

   वैसे श्रीनगर
में कुल पांच अलगाववादियों को नजरबंद किया गया है। जि‍नमें मीरवाइज और शब्बीर शाह को भी शामि‍ल  है। राज्य सरकार ने इस रैली के आयोजित करने पर रोक लगा दी है।
(पाकि‍स्‍तानपरस्‍तों का मजमा)
राज्‍य पुलिस से मि‍ली जानकारी के अनुसार, ‘गिलानी को उनके नि‍वास पर ही नजरबंद किया गया है। हैदरपोरा स्थित उनके आवास के बाहर पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। इसी प्रकार मसर्रत आलम को भी उनके नि‍वास पर ही नजरबंद किया गया है।राजनैति‍क तबकों के अनुसार घर में नजरबंदी अलगवावादि‍यों के साथ राज्‍य सरकार की नूरा कुश्‍ती सी है।जबकि‍ खुलकर पाकि‍स्‍तान के नारे लगाने और झंडा फहराने का कृत्‍य वाकायदा राष्‍ट्रदोह का है ओर कि‍सी भी सरकार का पहला दायि‍त्‍व उन तत्‍वों से सख्‍ती से नि‍पटना होता है जो कि‍ देश की एकता,अखंडता के खि‍लाफ आवाज उठाते हैं।
गिलानी ने दक्षिणी कश्मीर के त्राल कस्बे में शुक्रवार को मार्च का ऐलान किया था। जहां गत सोमवार को आतंकवाद विरोधी अभियान के दौरान दो युवक मारे गए थे। पुलिस ने गुरुवार को श्रीनगर में एक रैली के दौरान कथित तौर पर राष्ट्र विरोधी नारेबाजी करने के लिए गिलानी और मसर्रत आलम के खिलाफ गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम कानून के तहत मुकदमा दर्ज किया था।