3 अक्टूबर 2026

टिकटों की घोषणा के साथ ही शुरू होगा दल-बदल का दौर

 

आगरा। विधानसभा चुनाव के लिए जैसे ही राजनीतिक दलों के टिकटों की घोषणा होगी, उसके बाद आगरा की राजनीति में दल-बदल का दौर शुरू होना लगभग तय माना जा रहा है।

भारतीय जनता पार्टी आगरा जनपद की सभी सीटों पर अपने प्रत्याशी खड़े करेगी। यदि गठबंधन (एनडीए) को महत्व दिया गया तो एक सीट आरएलडी के द्वारा मांगी जा सकती है। इसी प्रकार डॉ. संजय निषाद के नेतृत्व वाली पार्टी ‘निषाद पार्टी’ भी आगरा में एक सीट पर अपना दावा ठोक सकती है।

वैसे जैसे ही टिकट बंटेंगे, इसके बाद राजनीतिज्ञों का व्योम विचरण शुरू हो जाएगा। भाजपा के लिए सबसे अधिक चुनौतीपूर्ण स्थिति बनेगी। सपा में स्थिति अत्यंत टाइट है, जबकि कांग्रेस में अपेक्षाकृत अधिक स्कोप है। लेकिन हर दल बदल करने वाले को टिकट मिल ही जाएगा, इसकी कोई गारंटी नहीं है।

फतेहपुर सीकरी, फतेहाबाद, आगरा ग्रामीण तथा एत्मादपुर ‘पैराट्रूपर’, यानी आसमान से आ टपकने वाले प्रत्याशियों के सबसे मनपसंद ठिकाने बताए जा रहे हैं।

टिकटों की घोषणा के बाद किस दल में कौन जाता है और कौन कहां से चुनाव लड़ने की तैयारी करता है, यह देखना दिलचस्प होगा। फिलहाल दावेदार अपनी-अपनी राजनीतिक जमीन तलाशने में जुटे हैं और टिकट के समीकरणों पर नजर बनाए हुए हैं।

वैसे दल-बदल का दौर आम नागरिकों के लिए अपने आप में अच्छा-खासा मनोरंजन से भरपूर होता है। यह वह अवसर होता है, जब मालूम पड़ता है कि दल बदलने से पूर्व और बाद की अभिव्यक्तियों में क्या फर्क है।

राजनीति में कल तक जिस दल की नीतियां खराब बताई जा रही थीं, वही दल आज अचानक बहुत अच्छा कैसे हो जाता है—इसका जवाब भी अक्सर दल-बदल के साथ ही सामने आ जाता है।

अब इंतजार टिकटों की घोषणा का है। उसके बाद आगरा की राजनीतिक तस्वीर में कितने रंग बदलते हैं, यह देखने वाली बात होगी।