करतार के सुरों ने ताजगी भरी ‘रंगजी’ के भूले-बिसराये रंगों में

('फलसफा' तर्कों से परे जिंदगी का संगीतमय सूफीयनी फ्यूजन)
आगरा : प्रख्यात कवि और मुंबई की चकाचौंध में भी अपनी खास पहचान बनाये रखने में सक्षम साहित्य कार बलबीर सिह रंग जी की रचनाओं पर आधारित आडियो-व्यूजुयल एल्बम ‘फलसफा’ का विमोचन फतेहाबाद रोड होटल कांप्लैकस के होटल डबल ट्री हिल्टन’ में हुआ। प्रख्यात गजल गायक करतार सिह यादव के स्वरों और हार्दिक के संगीत से सुस्सजित एल्बम में ‘मिन तो मन का..’ , युग युग का इतिहास..’ आदि छै प्रख्यात रचनाओं से सुसज्जित है। होटल के वेंकट हाल में आयोजित विमोचन कार्य्रक्रम में मुख्य अतिथि 'हिन्दुस्तान' ग्रुप के मुख्य सम्पादक शशि शेखर व सेठ बालकिशन गुप्ता की विशेष उपस्थिति थी। जबकि रोटेरियन गवर्नर शरत चन्द गुप्ता द्वारा एल्बम का विमोचन व लोकापर्ण कर उम्मीद जतायी की यह एल्बम जल्दी ही संगीत प्रेमियों की एल्बम लाइब्रेरियों की शोभा बनेगी ।...
रोटरी इंटरनेशनल के 3110वें डिस्ट्रिक्ट के एवार्ड सैरेमनी अवसर की बेला में आयोजित इस विमोचन कार्यक्रम एक हजार से ज्यादा बुद्धिजीवी एवं व्यवसायी अपने परिजनों के साथ मौजूद थे। हालांकि करतार सिह और उनके म्यूजीशियन पुत्र हार्दिक नये या अनजाने नहीं है किन्तु एल ईडी पर उनका परिचय देने वाली उस फिल्म का भी प्रदर्शन किया गया जिसमें उनकी वालीवुड की हाल की उपलब्धियों को दर्शाया गया है। रोटैरियनों की मांग पर करतार सिह ने एक गजल भी प्रस्तुत की।
उल्लेखनीय है कि बलबीर सिह रंग की रचनाओं को प्रख्यात गजल गायक करतार सिह यादव ने दो साल पूर्व ही अपने स्वर देने का निर्णय कर लिया था। करतार बताते हैं कि नागरी प्रचारिणी सभा आगरा में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान फीरोजाबाद के प्रख्यात उद्यमी बाल किशन गुप्ता से इस संबध में उनकी बात हुई और अनुमति चाही तो इस पर श्री गुप्ता न केवल तैयार हो गये बल्कि प्रोत्साहित भी किया। दरअसल बाल किशन गुप्ता रंगजी के प्रशंषक हैं और उन्होंने उनकी रचनाओं को पुस्तकों में प्रकाशित किया हुआ है। करतार सिह ने कहा कि जैसे ही श्री गुप्ता ने प्रोत्साहित किया उसी समय उन्होंने मन में ठान लिया कि जल्दी से जल्दी आडियों – विसुअल एल्बम शूट और रिकार्ड करवाके श्री गुप्ता को ही उसकी पहली प्रति भेंट करूंगा।मुझे खुशी है कि रंग जी की रचनाओं की पहली सीडी अपने संकल्प के साथ उनके सबसे बडे प्रशंसक और कद्र दान को विमोचन अवसर पर भेंट कर सका।
करतार ही नहीं स्वयं श्री बालकिशन गुप्ता भी इस अवसर पर भावुक हो गये और रंगजी की याद करते हुए पहले तो अपने बारे में लिखी रचना का पाठ किया और बाद में बोले जिस व्यक्ति ने कभी कभी स्कूल का दरबाजा नहीं देखा उसने अपने कवित्व और साहित्य दोनों में ही निरंतर ऊंचाईयां छुईं। उनका साहित्य समूचे बृजमंडल की मूल्यवान धरोहर है।

रोटरी इंटरनेशनल के 3110वें डिस्ट्रिक्ट के एवार्ड सैरेमनी अवसर की बेला में आयोजित इस विमोचन कार्यक्रम एक हजार से ज्यादा बुद्धिजीवी एवं व्यवसायी अपने परिजनों के साथ मौजूद थे। हालांकि करतार सिह और उनके म्यूजीशियन पुत्र हार्दिक नये या अनजाने नहीं है किन्तु एल ईडी पर उनका परिचय देने वाली उस फिल्म का भी प्रदर्शन किया गया जिसमें उनकी वालीवुड की हाल की उपलब्धियों को दर्शाया गया है। रोटैरियनों की मांग पर करतार सिह ने एक गजल भी प्रस्तुत की।
उल्लेखनीय है कि बलबीर सिह रंग की रचनाओं को प्रख्यात गजल गायक करतार सिह यादव ने दो साल पूर्व ही अपने स्वर देने का निर्णय कर लिया था। करतार बताते हैं कि नागरी प्रचारिणी सभा आगरा में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान फीरोजाबाद के प्रख्यात उद्यमी बाल किशन गुप्ता से इस संबध में उनकी बात हुई और अनुमति चाही तो इस पर श्री गुप्ता न केवल तैयार हो गये बल्कि प्रोत्साहित भी किया। दरअसल बाल किशन गुप्ता रंगजी के प्रशंषक हैं और उन्होंने उनकी रचनाओं को पुस्तकों में प्रकाशित किया हुआ है। करतार सिह ने कहा कि जैसे ही श्री गुप्ता ने प्रोत्साहित किया उसी समय उन्होंने मन में ठान लिया कि जल्दी से जल्दी आडियों – विसुअल एल्बम शूट और रिकार्ड करवाके श्री गुप्ता को ही उसकी पहली प्रति भेंट करूंगा।मुझे खुशी है कि रंग जी की रचनाओं की पहली सीडी अपने संकल्प के साथ उनके सबसे बडे प्रशंसक और कद्र दान को विमोचन अवसर पर भेंट कर सका।
करतार ही नहीं स्वयं श्री बालकिशन गुप्ता भी इस अवसर पर भावुक हो गये और रंगजी की याद करते हुए पहले तो अपने बारे में लिखी रचना का पाठ किया और बाद में बोले जिस व्यक्ति ने कभी कभी स्कूल का दरबाजा नहीं देखा उसने अपने कवित्व और साहित्य दोनों में ही निरंतर ऊंचाईयां छुईं। उनका साहित्य समूचे बृजमंडल की मूल्यवान धरोहर है।