10 जनवरी 2015

मथुरा जनपद अब नेशनल कैपीटल जोन में शामि‍ल होने जा रहा है


--13जनवरी को आ‍धि‍कारि‍यों लखनऊ में होगी बैठक

--अब तक टी टी जैड और यमुना एक्‍प्रेस वे अथार्टी के दायरे में ही था


 आगरा,ताज ट्रि‍पेजि‍यम जोन में शामि‍ल मथुरा जनपद अब नेशनल कैपीटल जोन में शामि‍ल होगा।एन सी आर बोर्ड इस सम्‍बन्‍ध में पूर्व से ही योजना बनाये जाने के लि‍ये मार्ग प्रशस्‍त कर चुका है। पूर्व में रहे...
सांसद कुं मानवेन्‍द्र सि‍ह और जयंत चौधरी की तरह वर्तमान  सांसद हेमामालि‍नी भी इसी सोच की हैं.
उनके नि‍कटस्‍थों का कहना है कि‍ अगर एन सी आर में जगह मि‍ल जायेगी तो कन्‍हैया की नगरी को वि‍कास के लि‍ये संसाधनों की कोई कमी नहीं रहजायेगी।फि‍‍लहाल केन्‍द्र सरकार और एन सी आर बोर्ड से अधि‍क अब प्रदेश सरकार इस पर अधि‍क गंभीर है।उसके द्वारा मथुरा के अलावा  हाथरस, अलीगढ़, बिजनौर, मुजफ्फरनगर और शामली जनपदों को भी एन सी आर में  शामिल शामि‍ल करवाये जाने के लि‍ये तैयारि‍यां शुरू कर दी गयी हैं।
भारत सरकार के संयुक्त सचिव प्रेमशंकर ने इस आशय का प्रस्ताव भारत सरकार को भेजने के लिए संबंधित जनपदों के अफसरों को 13 जनवरी को लखनऊ बुलाया है। यहां प्रमुख सचिव आवास एवं नियोजन की अध्यक्षता में बैठक होगी। इसमें गाजियाबाद के कमिशभनर, हाथरस, बिजनौर और शामली के डीएम, मथुरा, अलीगढ़ और मुजफ्फर नगर के विकास प्राधिकरणों के उपाध्यक्ष और मुख्य नगर एवं ग्राम्य नियोजक शामिल होंगे।
उल्‍लेखनीय है कि‍ जब से राष्ट्रीय राजधानी का गठन हुआ है इसके क्षेत्र के वि‍स्‍तार की प्रक्रि‍या लगातार चल रही है। अब तक दिल्ली से 185 किलोमीटर की दूरी के भरतपुर तकको इसके तहत लाया जा चुका है। स्थित राजस्थान का शहर भरतपुर लंबे समय से एनसीआर में शामिल है।
नोयडा पूर्व में अवि‍कसि‍त था ,जबकि‍ गाजि‍याबद चार दशक पूर्व ही दि‍ल्‍ली के उपनगर की शक्‍ल ले चुका था।कि‍न्‍तु आगरा कमि‍श्‍नरी के मथुरा जनपद को इसका क्‍या लाभ होगा इसे अब तक स्‍पष्‍ट नहीं कि‍या जा सका है।एन सी आर में मथुरा को शामि‍ल करने के बडे पक्ष्‍धर भी इस सम्‍बन्‍ध्‍ में कन्‍फ्यूज हैं।
मथुरा :बढेगी दखलन्‍दाजी
पि‍छले तीन दशक से मथुरा जनपद के अधि‍कांश भाग ताज ट्रि‍पेजि‍यम जोन अथार्टी के तहत आते हैं, और वहां के वि‍कास पर उसके प्रति‍बंध लागू होते हैं। इसके अलावा मथुरा जनपद को बडा भाग यमुना एक्‍स्रपेस वे अथार्टी के तहत ले आया गया है और  अथार्टी की ओर से योजना बनाये जाने का काम भी शुरू कर दि‍या गया है।इस प्रकार एन आर तीसरी बडी अथार्टी होगी जि‍सके नि‍यम कानून मथुरा वालों पर वत:ही लागू हो जाया करेंगे।वैसे इनके अलावा मथुरा वि‍कास प्राधि‍करण पूर्व से ही अपनी योजनाओं के माध्‍यम से मथुरा काातेजी के साथ शहरी कारण कि‍ये जाने की योजनाओं के क्रि‍यान्‍वयन पर काम चालू कि‍ये हुए है।