October 10, 2017

जर्मन सहयोग से रेल गाड़ियों की गति बढ़ेगी 200 किमी प्रति घंटा

यात्री रेल गाड़ियों की गति 200 किमी प्रति घंटा तक बढ़ाने के लिए भारतीय रेलवे और  जर्मन रेलवे ने मौजूदा चेन्नई - काजीपेट कॉरिडोर का व्यवहार्यता अध्ययन करने के संबंध में  रेलवे बोर्ड के चेयरमैन  अश्विनी लोहानी की उपस्थिति में प्रयोजन की संयुक्त घोषणा पर हस्ताक्षर किए। यह कार्य 50-50 प्रतिशत लागत भागीदारी के आधार पर किया जाएगा।इस व्यवहार्यता अध्ययन की लागत में भारत सरकार के रेल मंत्रालय और जर्मनी की सरकार की बराबर  हिस्सेदारी होगी।इस परियोजना में 22 महीने की अवधि में तीन चरणों में उद्देश्यों को उपलब्ध कराना शामिल है