May 16, 2020

आ अब लौट चले

पिछले 3 दिन के दौरान प्रति दिन 2 लाख से अधिक लोगों को ले जाया गया

नई दिल्ली - विभिन्न स्थानों पर पलायन करके गए फंसे श्रमिकों, तीर्थयात्रियों, पर्यटकों, छात्रों और अन्य व्यक्तियों की आवाजाही के संबंध में गृह मंत्रालय के आदेश के बाद, भारतीय रेलवे ने “श्रमिक स्पेशल” ट्रेनों के संचालन का निर्णय लिया।  15 मई 2020 तक, देश भर के विभिन्न राज्यों से कुल 1074 “श्रमिक स्पेशल” ट्रेनेंचलाई गई। पिछले 15 दिनों में 14 लाख से अधिक फंसे हुए लोगों को उनके गृह राज्य पहुंचाया जा चुका है।                                                                                                                 इस बात पर गौर किया जाना चाहिए कि पिछले 3 दिन के दौरान प्रति दिन 2 लाख से अधिक लोगों को ले जाया गया है। आने वाले दिनों में इसे प्रति दिन 3 लाख यात्रियों तक पहुंचाने की उम्मीद है।इन 1074 श्रमिक स्‍पेशल ट्रेनों को आंध्र प्रदेश, दिल्ली, गुजरात, हरियाणा, महाराष्ट्र, पंजाब, राजस्थान, तमिलनाडु, तेलंगाना, कर्नाटक, केरल, गोवा, झारखंड, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार जैसे विभिन्न राज्यों से चलाया गया।

आगरा क्‍लब कंपाऊंड की दरगाह के सज्‍जादानशीं अल्‍हाज रमजान अली शाह चि‍श्‍ती खाके सुपुर्द

-- इबादत के साथ नेशनल इंट्रीगेशन को भी ताजि‍दगी जुटे रहे अल्‍हाज रमजान अलीशाह 
पीर रमजान अलीशाह

आगरा: दरगाह हजरत ख्‍वाजा शेख सय्यद फति‍ह उद्दीन बल्‍खी अलमारूफ ताराशाह चि‍श्‍ती साबरी कंपऊड आगरा क्‍लब के सज्‍जादानशीन पीर ए तरीकत आले पंजतनी पीर अलजहाज रमजान अली शाह चि‍श्‍ती साबरी का विसाल( नि‍धन) प्रात:11बजे हो गया । उनकी मय्यत शाम 7 बजे उनके नि‍वास स्‍थान सदर बाजार से ईदगाह कटघर कब्रि‍स्‍तान ले जाकर खाके सुपुर्द कर दि‍या गया। एक जानकारी में दरगाह के महासचि‍व वि‍जय कुतार जैन ने बताया कि‍ मय्यत को खाके सुपुर्द ले जाये जाने के दौरान सोशल डि‍स्‍टैंसि‍ग और कोरोना संक्रमण को दृष्‍टि‍गत प्रशासन के इंतजामो का पूरी तरह से ध्‍यान रखा गया। 
बडी संख्‍या में उनके मुरीद जनाजे में शरीक होना चाहते थे लेकि‍न दरगाह प्रबंधन की ओर से सभी से सरकारी इंतजामि‍याओं की व्‍यस्‍थाओं को नजरअंदाज न करने का आग्रह कि‍या गया। 
दरगाह के महासचि‍व ने बताया कि‍ अल्‍हाज रमजान अली शाह चि‍श्‍ती के पुत्रों  पीरजादा हाजी इमरान अली शाह, पीरजादा कासि‍‍म अली शाह के

May 15, 2020

यूपी में पैदल मजदूरों के आवागमन पर प्रतिबंध , वाहनों की व्यवस्था के जिलाधिकारियों को निर्देश

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के  जिलाधिकारियों और पुलिस प्रमुखों को यह सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया कि कोई भी प्रवासी उनके  क्षेत्रों में पैदल या दोपहिया या ट्रकों पर यात्रा न करे तथा  उन्हें पर्याप्त   भोजन और पानी उपलब्ध  कराने के बाद  आगे की यात्रा के लिए  वाहनों की व्यवस्था करें तथा उनकी सुरक्षा के लिए  पुलिस  कर्मियों को तैनात करे। अतिरिक्त मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी ने कहा कि प्रवासी श्रमिकों को परिवहन और अन्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए प्रत्येक पुलिस स्टेशन में एक टीम बनाई जानी चाहिए। यदि राज्य सरकार की  रोडवेज  बसें उपलब्ध न हो सकें   तो प्रशासन को निजी बसों को किराए पर  लेना चाहिए। ।

May 14, 2020

वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए प्रधानमंत्री मोदी ने बिल गेट्स के साथ की बातचीत

नई दिल्ली-प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन के सह-अध्यक्ष बिल गेट्स के कोविद 19  की वैश्विक प्रतिक्रिया, और महामारी का मुकाबला करने के लिए वैज्ञानिक नवाचार और आर एंड डी पर वैश्विक समन्वय के महत्व पर चर्चा की।
 प्रधान मंत्री ने यह भी सुझाव दिया कि गेट्स फाउंडेशन जीवनशैली, आर्थिक संगठन, सामाजिक व्यवहार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा के प्रसार के आवश्यक परिवर्तनों का विश्लेषण करने का बीड़ा उठा सकता है, जो कि COVID 19 दुनिया में और संबंधित तकनीकी में चुनौतियों का सामना करने के लिए  उभर कर आएगा।  उन्होंने कहा कि भारत अपने स्वयं के अनुभवों के आधार पर इस तरह के विश्लेषणात्मक अभ्यास में योगदान करने में प्रसन्न होगा।

दूध डेरियों को सरकार देगी थोड़ी ऑक्सीजन

डेयरी क्षेत्र पर कोविड-19 के आर्थिक प्रभावों की भरपाई करने के लिए मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय ने एक नई योजना "डेयरी क्षेत्र के लिए कार्यशील पूंजी ऋण पर ब्याज में छूट" की शुरुआत की है। योजना के तहत 2020-21 के दौरान डेयरी सहकारी समितियों और किसान उत्पादक संगठनों को सहायता प्रदान की जायेगी।

कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान बड़ी मात्रा में दूध की खरीद और बिक्री में कमी होने के कारण, दूध - डेयरी सहकारी समितियों ने बड़े पैमाने पर अधिक समय तक उपयोग के लायक (शेल्फ-लाइफ) उत्पादों जैसे दूध पाउडर, सफेद मक्खन, घी, और यूएचटी दूध आदि के उत्पादन को अपनाया। इन उत्पादों को अपनाने के कारण धन के प्रवाह में कमी आयी और किसानों को भुगतान करने में कठिनाई हुई। आइसक्रीम, फ्लेवर दूध, घी, पनीर आदि जैसे उच्च मूल्य वाले उत्पादों की मांग में कमी के कारण दूध की छोटी मात्रा को ही मूल्य वर्धित उत्पादों जैसे पनीर और दही में परिवर्तित

May 13, 2020

मई अंत तक एक करोड़ नौकरी का लक्ष्य योगी सरकार का

उत्तर प्रदेश के  मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य  सरकार मई के अंत तक राज्य में एक करोड़ से अधिक रोजगार के अवसर उत्पन्न  करने का लक्ष्य रखेगी ताकि हर नागरिक को रोजगार उपलब्ध कराया जा सके। श्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि मनरेगा योजनाएं ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार का एक बड़ा स्रोत बन सकती हैं। यूपी में 23 करोड़ की आबादी के साथ, हमें हर दिन 50 लाख लोगों को रोजगार देने का प्रयास करना चाहिए। श्री योगी  ने कहा कि वर्तमान परिदृश्य में सबसे चुनौतीपूर्ण काम अधिक से अधिक लोगों को रोजगार देना था और यह तभी संभव होगा जब प्रत्येक ग्राम रोज़गार सेवक ईमानदारी के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाए। प्रदेश सरकार ने  रोजगार सेवकों की मासिक मजदूरी 3,630 रुपये से बढ़ाकर 6,000 रुपये कर दी। ये सेवक राज्य में प्रतिदिन 20 लाख से अधिक मनरेगा योजना श्रमिकों की निगरानी करते हैं। 

May 12, 2020

भारत के CO2 उत्सर्जन में भारी गिरावट

नई दिल्ली-भारत के CO2 उत्सर्जन में मार्च के दौरान अनुमानित 15% की गिरावट आई है और अप्रैल 2020 में 30% तक गिरने की संभावना है। उत्सर्जन में गिरावट 2019 की शुरुआत से ही भारतीय अर्थव्यवस्था को प्रभावित करने वाले हेडविंड को दर्शाती है तथा  नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादन में वृद्धि कर रही है। लेकिन कोरोनो वायरस महामारी से निपटने के उपायों के कारण, देश के पूरे 2019-20 वित्तीय वर्ष में आधिकारिक भारतीय आंकड़ों का विश्लेषण मार्च में गिरावट को दर्शाता है।

एन डी आर एफ की टीम ले रही है शहर में आपदा प्रबंधन का जायेजा

कोतवाली क्षेत्र में संक्रमण को रोकने में लगे पुलि‍स बल का कि‍या अभि‍वादन

कोतवाली इंस्‍पैक्‍टर शाह नजीर अहमद और सी ओ चमन सि‍ह चावडा
 का नागरि‍कों ने  कि‍या अभि‍वादन फोटो:असलम सलीमी
आगरा - चीन से आया कोरोना संक्रमण 'कोवि‍ड -19' का सफया पूरी तरह से हो पाने में भले ही कुछ समय और लग जाये कि‍न्‍तु कोरोना जि‍न कारणों से फेलता हैं उन्‍हे तेजी के साथ सीमि‍त करने मे जरूर कामयाबी रही। वैसे यह कोयी करि‍श्‍मा नहीं अपि‍तु पुलि‍स फोर्स को चि‍रपरि‍चि‍त वह कार्यशौली है जि‍समें 'डंडा- मुकदमा- गिरफ्तारी' के फार्मूले पर अमल तो है ही कि‍न्‍तु अब इसमें नागरि‍क संवाद भी शामि‍ल हो रहा है । पुलि‍स ने अपनी ताकत का अहसास जहां लोगों को करवाया वहीं  चौकी या ड्यूटी देने वाले  के पास भी कोयी पहुंच तो उसे सुना जरूर गया। 
पुलि‍स सबसे ज्‍यादा लॉकडाउन के सीलि‍ग क्षेत्रो में सक्रि‍य रही। घटि‍या आजम खां क्षेत्र में लोगों ने राष्‍ट्रीय आपदा मोचन बल ( NATIONAL DISASTER RESPONSE FORCE) को पहली बार अपने क्षेत्र में सक्रि‍य देखा। इस दल की टोलि‍यां जहां भी जाती है स्‍थानीय